फरीदाबाद (मज़दूर मोर्चा) लगता है भाजपा सरकार की तरह ईएसआईसी मेडिकल कॉलेज अस्पताल प्रशासन ने भी अखबारों में भ्रामक खबर छपवा कर प्रोपेगेंडे की राह पकड़ ली है। ऐसी ही
फरीदाबाद (मज़दूर मोर्चा) मज़दूरों से नियमित पैसा वसूलने वाला कॉर्पोरेशन, बीमार होने पर उन्हें इलाज के नाम पर परेशान करने के नए-नए तरीके निकालता रहता है। आठ अगस्त 2025 यानी
फरीदाबाद (मज़दूर मेर्चा) मज़दूरों के वेतन से नियमित वसूली के चलते धन की कोई कमी न होने के बावजूद स्थानीय मेडिकल कॉलेज अस्पताल का विस्तार करीब ढाई साल तक रुका
मज़दूर मोर्चा ब्यूरो ईएसआई कॉर्पोरेशन में बैठे उच्चाधिकारियों की हरामखोरी एवं जन विरोधी करतूतों के कारण मज़दूरों को पर्याप्त उपचार न मिलने के चलते कई बार जान तक से हाथ
आदरणीय डीन साहब ईएसआईसी मेडिकल कॉलेज, फरीदाबाद, आपका ईमेल दिनांकित 24.8.2024 का मुझे प्राप्त हुआ है। जिसे ज्यों का त्यों बगल में प्रकाशित किया जा रहा है। इसमें आपने ‘मज़दूर
फऱीदाबाद (मज़दूर मोर्चा) ईएसआई कॉर्पाेरेशन के डायरेक्टर प्रोक्योरमेंट डॉ. सीसी खाखा ने बीते सप्ताह एक फरमान जारी किया है कि अब कॉर्पाेरेशन के सभी मेडिकल कॉलेज, हॉस्पिटल, डिस्पेंसरी आदि में
फऱीदाबाद (मज़दूर मोर्चा) मज़दूरों के कल्याण और उनके हित साधने के लिए चलाया जा रहा ईएसआई कॉर्पोरेशन उनसे अंशदान तो सौ प्रतिशत वसूल रहा है लेकिन सेवाओं में कटौती कर
मज़दूर मोर्चा ब्यूरो अशोक कुमार सिंह ने 19 अगस्त को राज्य कर्मचारी बीमा निगम के महानिदेशक का पद ग्रहण किया। 1999 बैच के केरल काडर के आईएएस अशोक कुमार इससे
फरीदाबाद (मज़दूर मोर्चा) एनएच तीन स्थित ईएसआई मेडिकल कॉलेज अस्पताल पर दिनांक 14 अगस्त को प्रात: नौ बजे श्रममंत्री मांडविया ने अचानक छापा मारा। नौ बज कर पंद्रह मिनट तक
मौजूदा मेडिकल कॉलेज अस्पताल को मात्र 510 बिस्तरों का बनाया गया था। संख्या का यह आधार पुराने अस्पताल के 200 बिस्तरों को देख कर तय किया गया था। चिकित्सा सेवाओं