मनीष आजाद 1770 का दशक है। बंगाल में भयंकर अकाल पड़ा है। गाँव खाली पड़े हैं, लाशें बिछी हैं। अंग्रेजी ईस्ट इंडिया कंपनी और उनके साथ खड़े बंगाल के मुस्लिम
डॉ. रामवीर ये अरावली बेच देंगे बेच देंगे ये समन्दर बेचने का मिशन लेकर आए हैं सत्ता के अन्दर। ये हैं सौदागर पुराने बेचने में ही धुरन्धर जो बिके वो
आनन्द स्वरूप वर्मा राम मंदिर-बाबरी मस्जिद प्रकरण जैसे-जैसे उग्र रूप लेता गया, हिंदी पत्रकारिता का सवर्णपक्षी सांप्रदायिक चरित्र उजागर होता गया। दरअसल 1977 में जनता पार्टी की सरकार में जब
जब रवींद्रनाथ टैगौर ने स्टालिन कालीन रूस की यात्रा की,तो वहां के जीवन के बारे में क्या देखा, क्या लिखा है- जो लोग स्टालिन को हिटलर जैसे नर-पिशाच और नरसंहार
राम पुनियानी उत्तरप्रदेश के मुख्यमंत्री आदित्यनाथ और आरएसएस के सरसंघचालक मोहन भागवत की मौजूदगी में राम मंदिर – जिसका उद्घाटन कुछ साल पहले हुआ था – के शिखर पर झंडा
फरीदाबाद (मज़दूर मोर्चा) जनता की ऐसी-तैसी करने तथा अपने चहेतों की कमाई कराने के लिए भाजपा सरकार सदैव कोई न कोई मौका ढूंढती रहती है। खट्टर ने बतौर मुख्यमंत्री प्रॉपर्टी
फरीदाबाद (मज़दूर मोर्चा) दिन-ब-दिन बढ़ता प्रदूषण अब जानलेवा होता जा रहा है। इसका प्रमाण अस्पतालों व डॉक्टरों के सामने आये दिन मरीजों की बढ़ती कतारों से मिलता है। इसके चलते
हाईकोर्ट के आदेश की अवमानना करने से भी नहीं बाज आ रहे अधिकारी फऱीदाबाद (मज़दूर मोर्चा) नगर निगम में अपने अधिकारों की लड़ाई लड़ रहे ट्यूबवेल ऑपरेटर राजेंद्र सिंह के
मजदूर मोचो फरीदाबाद। हिन्दी, उर्दू और पंजाबी के समर्पित साहित्यकार ज्योति संग जी का पिछले दिनों निधन हो गया, वे 78 वर्ष के थे। उनका जन्म 24 सितंबर,1947 को जालंधर
फरीदाबाद (मज़दूर मोर्चा) वोट चोरी के बल-बूते सत्ता पर काबिज भाजपा के तमाम नेताओं की तरह केन्द्रीय मंत्री कृष्णपाल गूजर गाहे-बगाहे जनता के बीच प्रोपगेंडा करने को उतरे रहते हैं।