back to homepage

कविता

बेर्टोल्ट ब्रेष्ट की कविता

जिन्होंने नफऱत फैलाई, क़त्ल किए और ख़ुद ख़त्म हो गए, नफऱत से याद किए जाते हैं। जिन्होंने मुहब्बत का सबक़ दिया और क़दम बढ़ाए वे जिन्दा हैं, मुहब्बत से याद

Read More

कविता / शिक्षक दिवस पर

डॉ. रामवीर आधी तो लेने में बिताई औ फिर आधी देने में, हम ने सारी उमर लगा दी शिक्षा लेने देने में। जितनी ली थी उसे बढ़ा कर दुगनी कर

Read More

कट्ठे होल्यां

डॉक्टर रणबीर सिंह बहोत दिन होगे पिटत्यां नै ईब कट्ठे होकै देख लियो।। बैर भूल कै आपस का प्रेम के बीज बो कै देख लियो।। 1 करड़ी मार नई नीतियां

Read More

पता नहीं यह नेताओं की…

डॉ. रामवीर पता नहीं यह नेताओं की कैसी है मजबूरी, दुष्टों से इनकी है निकटता भद्र जनों से दूरी। जब जब आता है चुनाव तब तब राम रहीम, छूट जाता

Read More

ये नकली नायक हैं इनकी….

डॉ. रामवीर  ये नकली नायक हैं इनकी नीयत में लगता है खोट, न्याय और नैतिक मूल्यों पर करते ही रहते हैं चोट।    जनता ने तो दिए थे इनको  

Read More

लौट रही है द्रौपदी!

मणिपुर में दुर्योधन की छप्पन इंची छाती फाड़ कर लौट रही है द्रौपदी! अभी अभी एक स्वप्न देखा है मणिपुर में दुर्योधन की छप्पन इंच छाती फाड़ कर लौट रही

Read More

कविता/ फेक और फेंक दोनों की….

डॉ. रामवीर फेक और फेंक दोनों की भाजपा ने ली फ्रेंचाइजी, फेक न्यूज फैला देते हैं जब होती है इनकी मर्जी। और हमारे पन्त प्रधान फेंकने में हैं इतने कुशल,

Read More

कविता /सच और झूठ

डॉ. रामवीर ठंडा लोगे या गरम पूछते ही हैं अभ्यागत से हम सोचता हूं इसी अंदाज में पूछ लिया जाए सच सुनोगे या झूठ पर खतरा है इससे तो वह

Read More