करनाल(जेके शर्मा) उप कृषि निदेशक डा वजीर सिंह ने बताया कि कृषि तथा किसान कल्याण विभाग, हरियाणा को लगातार शिकायतें प्राप्त हो रही थी कि कुछ खाद निर्माता कम्पनियों द्वारा
पलवल (मज़दूर मोर्चा) धान से निपटने के बाद अब किसान गेहूं बुवाई पर लगे हुए हैं। इसके लिए उन्हें डीएपी नाम रसायनिक खाद की जरूरत होती है। सरकारी एजेंसियों कृभको