आओ ताली बजाएं!

आओ ताली बजाएं!
March 02 16:28 2025

बोधिसत्व

मैं उन लोगों के लिए सोच रहा हूं जो बेघर हैं
जिनके पास न छत है न दीवार न आंगन!

वे यह पावन कर्फ्यू किस घर में रह कर मनाएंगे
किस परछत्ती पर खड़े होकर ताली बजाएंगे ?

उनके लिए क्यों न एक
बड़ी कर्फ्यू दीवार बना दी जाए?

मैं सरकार से नहीं पूछ सकता क्योंकि
सरकार से पूछना अपराध है अब!

मैं किसी को अपने घर भी नहीं ला सकता अब
वे व्याधि हैं?

मुझे लगता है कि कर्फ्यू की अपील में
ये लोग शामिल नहीं हैं
ये बेघर लोग बचाव की हर योजना के बाहर हैं
वे न खत्म होने वाली बीमारी से ग्रस्त हैं!

ये मां भारती की संतान नहीं!

फिर भी इन बेघर लोगों से मेरा
निवेदन है कि वे भी ताली बजाएं!
ताली न बजा सकें तो छाती पीटें!
एक अदृश्य घर बना लें धरती पर लकीर खींच कर
और उसके अंदर से ताली बजाएं!

जब पूरा देश
ताली बजाने वाली कौम में तब्दील हो गया है
तो बेघर लोग उनके इस बदलाव पर भी ताली बजाएं!

आओ सब मिल जुल कर ताली बजाओ
सरकार ने ताली बजाने का मुहूर्त दिया है!

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Mazdoor Morcha
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