शिक्षा निदेशक व प्राइवेट स्कूलों की साठगांठ का एक और नमूना

शिक्षा निदेशक व प्राइवेट स्कूलों की साठगांठ का एक और नमूना
April 27 16:45 2026

कैलाश शर्मा
रीदाबाद। एक अप्रैल से नया शिक्षा सत्र शुरू हो गया है,सभी पैरेंट्स ने अपने बच्चों के लिए स्कूल प्रबंधकों के कहने पर प्राइवेट प्रकाशकों की महंगी किताब कॉपी खरीद ली हैं। पढ़ाई शुरू हुए भी 15 दिन से ज्यादा हो गए हैं। तब शिक्षा निदेशक पंचकूला ने 17 अप्रैल को दो पेज का एक आदेश निकालकर पेरेंट्स से कहा है कि वे एनसीईआरटी की किताबें ही खरीदें, स्कूल प्रबंधकों के कहने पर प्राइवेट प्रकाशकों की महंगी किताबें व वदीॅ ना खरीदें। हरियाणा अभिभावक एकता मंच ने कहा है कि शिक्षा निदेशक एक कहावत ”चोर से कहो चोरी कर, साह से कहो,सावधान रह” की तरह कार्य कर रहे हैं। एक ओर स्कूल प्रबंधकों को पूरी छूट दे रहे हैं कि वे फार्म 6 जमा करो,मत करो। पेरेंट्स से मनचाही बढ़ाई गई फीस वसूल लो,तुम्हारा कुछ नहीं बिगाड़ेगा। इसी प्रकार स्कूल प्रबंधकों को मौका दे रहे हैं कि वे अपने स्कूल के अंदर खुली दुकानों से या बाहर बताई गई अपनी दुकानों से पैरंटस से एनसीईआरटी किताबों की जगह प्राइवेट प्रकाशकों की महंगी किताबें व कॉपी खरीदवालो,खूब कमीशन खालो। जब पेरेंट्स पूरी तरह से लूटपिट जाएंगे,मनमानी के शिकार हो जाएंगे तब शिक्षा निदेशालय की ओर से फॉर्मेलिटी के तौर पर खानापूर्ति के लिए ‘प्राइवेट स्कूल मनमानी ना करें’ ऐसा लेटर निकाल दिया जाएगा। शिक्षा निदेशालय ने यह कर्तव्य भी पूरा कर दिया है।

हरियाणा अभिभावक एकता मंच के प्रदेश महासचिव कैलाश शर्मा व प्रदेश संरक्षक सुभाष लांबा ने कहा है कि मंच की ओर से शिक्षा निदेशक की इस नियम विरुद्ध कार्यशैली की सबूत के साथ दो बार शिकायत मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री से की जा चुकी है लेकिन कोई भी उचित कार्रवाई नहीं की गई है। मंच की ओर से अब प्रधानमंत्री व राज्यपाल हरियाणा के पास शिकायत की जाएगी। हिसार सचिवालय के बाहर गिरफ्तारी देने पहुंचे दुष्यंत, दिग्विजय ने वहां धरने पर बैठे किसानों से सहयोग मांगा, किसानों ने जवाब दिया : जब हमने सहयोग मांगा था तब कुर्सी के मजे ले रहे थे खट्टर के पजामे में घुसे हुए थे हताश दोनों भाई मुट्ठी भर समर्थकों के साथ आगे निकल गए

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Mazdoor Morcha
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