अशोक कुमार पांडेय रंग-भंग सब भूल के मस्जिद पर हुड़दंग भौजी तरसें रंग को सूने पड़े मृदंग सूने पड़े मृदंग होरिहर चीखें डीजे संग खड़ी प्रेमिका बंसवाड़ी में नारे सुन-सुन